काँग्रेसमध्ये लोकशाही नाही तर दबावशाही, काँग्रेस कार्यकर्त्याने बिंग फोडलं

सामना ऑनलाईन, नवी दिल्ली

काँग्रेसमध्ये घराणेशाही असून लोकशाही कशी नाहीये हे बुधवारी पंतप्रधान नरेंद्र मोदी यांनी सगळ्यांना पटवून देण्याचा प्रयत्न केला. मात्र दुसरीकडे काँग्रेसमध्ये लोकशाही नाही तर दबावशाही चालत असल्याचा काँग्रेसच्याच एका कार्यकर्त्याने पुरावा सादर केला. युवक काँग्रेसच्या दिल्ली अध्यक्षपदासाठी होत असलेल्या निवडणुकीत तिथले काँग्रेस प्रदेशाध्यक्ष अजय माकन हे कसा दबाव टाकतात याची ऑडियो क्लिपच या कार्यकर्त्याने सादर केली आहे. रवी असं या कार्यकर्त्याचे नाव असून अजय माकन आणि रवी यांच्यातील हिंदीमध्ये संवाद जसा घडला तसा वाचा.

रवि: नमस्ते सर।
अजय माकन: नमस्ते, क्या हाल है, कैसे हो?
रवि: सर, आशीर्वाद है।
अजय माकन: …तो क्या हाल है इलेक्शन का…आपके तरफ कब है?
रवि: कल (बुधवार) है सर। आज (मंगलवार) पटपड़गंज में था।
अजय माकन: अच्छा, अच्छा आज पटपड़गंज में है। तुम तो (अजय) चिकारा का समर्थन कर रहे होगे। वह एनएसयूआई का तुम्हारा सहयोगी रहा है। मेरी समझ में तुम उसका समर्थन कर रहे होगे।
रवि: नहीं, नहीं सर…
अजय माकन: वैसे भी एनएसयूआई का हिस्सा रहे लोगों को एक-दूसरे की मदद करनी ही चाहिए। लेकिन, मेरा आदमी विकास है।
रवि: नहीं सर। कई लोगों ने वोट के लिए गुट बना लिए हैं…वे सब अप्रोच कर रहे हैँ।
अजय माकन: हां, मुझे मालूम है कि सभी लोग अप्रोच कर रहे होंगे, लेकिन मुझे हक है आपसे कुछ कहने का।
रवि: अच्छा सर।
अजय माकन: ठीक है? उन सबसे कहो कि वे विकास के लिए इसे अच्छी तरह से करें।
रवि: ठीक है सर। लेकिन, वह (विकास) अभी तक एक बार भी आया नहीं है।
अजय माकन: अब मैं कह रहा हूं ना! वह आता है या नहीं इसका कोई मतलब नहीं है।
रवि: चलो ठीक है सर।
अजय माकन: हां। जब मैंने कुछ कहा है तो उसे थोड़ा महत्व दो। मैं ऐसे तो कुछ नहीं कहता।
रवि: ठीक है सर।
अजय माकन: जब मैंने कहा है तो वह (विकास) भी आएगा। एक बार यदि मैंने कह दिया तो अब उसकी जिम्मेवारी मेरी है।
रवि: ठीक है सर।
अजय माकन: तुम्हारी राजनीतिक चिंताओं का हमने हमेशा खयाल रखा है, फिर वह प्रदेश कांग्रेस कमेटी का हो या कुछ और हो…हमने हमेशा किया ही है। भविष्य में भी उसका खयाल रखा जाएगा।
रवि: ठीक है सर।
अजय माकन: ठीक है।
रवि: ठीक है सर।
अजय माकन: …और तुम मुझसे मिलना जरूर…ठीक है।
रवि: ठीक है जी।
अजय माकन: सतीश भी मेरे साथ है। सचिन सॉरी, सचिन बसोया। मैंने उसको कहा है कि वह तुमसे बात करे।
रवि: ठीक है सर।
अजय माकन: तुम दोनों साथ मिलकर काम करो।

राहुल गांधी यांच्या अध्यक्षपदाच्या निवडणुकीवर आक्षेप घेणाऱ्या शहजाद पुनावाला यांनी या वृत्तानंतर काँग्रेसवर पुन्हा एकदा कडाडून हल्ला चढवला आहे. राहुल गांधी यांच्या निवडीनंतर अशा पद्धतीने निवड होण्याची प्रथा रूढ झाल्याचं पुनावाला यांनी म्हटलं आहे.


माकन यांच्या या कथित ऑडियो क्लिपची सध्या काँग्रेसमध्ये जबरदस्त चर्चा सुरू असून काँग्रेसवर या क्लिपमुळे नामुष्की ओढावली आहे.